Wednesday, June 19, 2024
Homeदेशक्या बड़ी जिम्मेदारी मिली बीजेपी विधायक पूर्णेश मोदी को ?

क्या बड़ी जिम्मेदारी मिली बीजेपी विधायक पूर्णेश मोदी को ?

प्राची श्रीवास्तव : कांग्रेस नेता राहुल गांधी के लिए दिन पे दिन मुसीबतें बड़ती गई, लेकिन उन्होंने डट के सामना किया और साथ ही इस बात को सिद्ध किया की बीजेपी कांग्रेस से डरती है। जब भारत जोड़ो यात्रा निकाली गई तब भी बीजेपी ने विरोध किया। उसके बाद राहुल गांधी की सदस्यता छीन ली और फिर राहुल गांधी पर मानहानि का मुकदमा ठोक दिया साफ तौर पे इससे ये सिद्ध होता है की कांग्रेस ने जब जब जनता को एकजुट किया तब तब बीजेपी ने टांग अड़ाने की पूरी कोशिश की। राहुल गांधी पर बीजेपी विधायक पुणेश मोदी ने मानहानि का केस दर्ज किया। जिसके चलते राहुल गांधी को कई मुश्किलें झेलनी पड़ी।

बीजेपी विधायक पूर्णेश मोदी की नई जिम्मेदारी

आपको बता दे की अब बीजेपी विधायक पूर्णेश मोदी को शुक्रवार (17 नवंबर) को पार्टी ने बड़ी जिम्मेदारी सौंपी। बीजेपी ने पूर्णेश मोदी को दादरा नगर हवेली और दमन का राज्य प्रभारी नियुक्त किया है। वहीं, दुष्यन्त पटेल को प्रदेश सह प्रभारी नियुक्त किया गया है। 58 वर्षीय पूर्णेश मोदी 3 बार के विधायक हैं, वह ओबीसी समुदाय से आते हैं और पेशे से वकील हैं।

पहली बार 2013 में सूरत पश्चिम सीट से उपचुनाव जीतकर वह विधायक बने थे, फिर 2017 और 2022 में उसी सीट से चुने गए थे। पिछली बार वह एक लाख वोटों के अंतर से जीते थे, बता दें कि पूर्णेश मोदी की 2019 की एक याचिका के कारण कांग्रेस नेता राहुल गांधी को आपराधिक मानहानि मामले दोषी ठहराया गया था, जिसके चलते उन्हें संसद सदस्य के तौर पर अयोग्य घोषित होना पड़ा था।

‘मोदी सरनेम’ को लेकर की विवादास्पद टिप्पणी

राहुल गांधी ने 2019 में कर्नाटक के कोलार में एक रैली के दौरान ‘मोदी सरनेम’ को लेकर कथित विवादास्पद टिप्पणी की थी, जिसे लेकर पूर्णेश मोदी ने आरोप लगाया था कि कांग्रेस नेता ने पूरे मोदी समुदाय का अपमान किया है। इसी साल 23 मार्च को गुजरात के सूरत कोर्ट ने मामले में राहुल गांधी को दोषी ठहराते हुए दो साल कारावास की सजा सुनाई थी। इसके बाद मामला हाई कोर्ट होते हुए सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा। 4 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट ने राहुल की सजा पर रोक लगा दी थी।

शीर्ष अदालत ने कहा था कि सेशंस कोर्ट में अपील लंबित रहने तक राहुल गांधी की दोषसिद्धि पर रोक लगाई जा रही है। शीर्ष अदालत के इस फैसले के बाद सांसद के रूप में राहुल गांधी की सदस्यता बहाल हो गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि ट्रायल कोर्ट के जज को फैसले में अधिकतम सजा सुनाने के कारण भी बताने चाहिए थे।

read more : भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया फाइनल मुकाबले के चलते भारतीय रेलवे ने लिया बड़ा फैसला !

RELATED ARTICLES
- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments