सोमवार, 12 अक्टूबर 2026
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लेखपाल साहब के रिश्वत मांगने का अंदाज तो देखिए !!

डिजिटल डेस्क  : झांसी जिले में जमीन नापने के बदले रिश्वत मांगने वाले एक लेखपाल का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. वायरल वीडियो में लेखपाल एडीएम (झांसी एडीएम) के नाम पर रिश्वत की मांग करते नजर आ रहे थे। वीडियो में लेखपाल का कहना है कि रिश्वत नकद में ली गई थी, चेक से नहीं। वायरल वीडियो के आधार पर राइटर संदीप कुमार गौर को सस्पेंड कर दिया गया है। उन्हें भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत गिरफ्तार भी किया गया है। वायरल वीडियो में अकाउंटेंट कहते हैं, हम कम से कम पचास फीसदी एडवांस लेंगे.

आप चेक का क्या करते हैं? चेक स्वीकार नहीं किए जाते हैं। रिश्वत नकद में जाती है। अब पचास प्रतिशत दें। पचास प्रतिशत समय होगा। मान लीजिए हम आज एडीएम के पास गए। अब आपको चिरगांव से फोन करके पैसा लाना है, मालिक को भुगतान करना है। हमें मनी लेन में व्यवस्था करनी होगी। किसको क्या दिन, क्या आदेश। हमें इससे तुरंत निपटना चाहिए।

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तब से यह वीडियो जांच के घेरे में है। जिला मजिस्ट्रेट सदर सानिया छाबड़ा ने कहा कि रिश्वत के दावे का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था। गौर लेखपाल सदर में संदीप कुमार द्वारा एक व्यक्ति से रिश्वत की मांग करने वाले वीडियो के बाद, लेखपाल को तुरंत बर्खास्त कर दिया गया। मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और भारतीय दंड संहिता के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है।

लेखपाल पर रिश्वत मांगने का आरोप

तहसील चायल के बसुहारमें पट्टे की जमीन की नाप कराने के लिए लेखपाल रिश्वत की मांग कर रहा है। पीड़िता ने शनिवार को थाना दिवस में शिकायत करते हुए मामले की जांच कराकर लेखपाल के खिलाफ कार्रवाई करने की गुहार लगाई है।

बसुहार की फूलमती पत्नी शिवलाल ने बताया कि उसे प्रशासन से चार साल पहले आवासीय पट्टा मिला था। कई बार उसने लेखपाल से मिलकर पट्टे की जमीन को नाप कर अलग करने के लिए कहा। लेखपाल पैमाइश के लिए हीलाहवाली करता रहा। आरोप है कि एक सप्ताह पूर्व लेखपाल ने उसे बुलाकर नाप के एवज में रुपये की मांग की। महिला ने गरीबी का हवाला देकर रुपये देने में असमर्थता जताई तो लेखपाल ने उसे भगा दिया। पड़िता ने शनिवार को थाना दिवस में मामले की शिकायत करते हुए जांच कराकर लेखपाल के खिलाफ कार्रवाई करने की गुहार लगाई है।

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